Description of the Book:
ज़िंदगी कांच की तरह नाज़ुक है, जिसे बहुत सावधानी से संभालना ज़रूरी है। थोड़ी सी ठेस से जीवन की दिशा बदल सकती है। अगर ज़िंदगी का शीशा टूट जाए, तो खुद अपना रूप खो देता है और पकड़ने वाले को भी चोट पहुँचाता है। जीवन एक लाइव टेलीकास्ट है, जहाँ रीटेक नहीं होता, लेकिन सीखने के अवसर अनगिनत हैं। सफलताओं से ज्यादा असफल प्रयास, अधूरे सपने और छूटे हुए मौके ज़िंदगी को आकार देते हैं। डॉ. मधु गुप्ता द्वारा रचित "लाइफ - हैंडल विद केयर" की कविताओं में इन भावनाओं और अनुभवों को व्यक्त किया है, जहाँ ‘क्या’ से ज्यादा ‘क्यों’ और ‘कैसे’ मायने रखते हैं।
लाइफ - हैंडल विद केयर-The Art of Living Gently in a Tough World
SKU: 9789370920552
₹110.00Price
Author's Name: डॉ. मधु गुप्ता
About the Author: कवयित्री डॉ. मधु गुप्ता ने 1985 में राजस्थान की प्रतिष्ठित प्रशासनिक सेवा में नियुक्ति के बावजूद शिक्षण सेवा को प्राथमिकता देते हुए, शिक्षक के रूप में अपनी उत्कृष्ट सेवाओं स्वरूप आपको राष्ट्र स्तर पर राष्ट्रपति द्वारा, एवं ग्लोबल टीचर रोल मॉडल अवार्ड से सम्मानित किया गया है, समय समय पर आपको विभिन्न राष्ट्रीय, राज्य एवं जिला स्तरीय प्रतिष्ठित संस्थानों द्वारा अनेक सम्मान एवं पुरस्कारों से भी नवाज़ा गया। शिक्षक होने साथ आपने करियर काउंसलर, कवि, लेखक, ब्लॉगर, वक्ता और समाज एवं सामुदायिक सेवा के क्षेत्र में भी अपना उल्लेखनीय योगदान दिया है। आपकी प्रकाशित पुस्तकें हैं: "भीतर का आदमी," "कथाकार अमृतराय," और "आजादी के दीवाने।" उनकी रचनाएँ विभिन्न प्रतिष्ठित पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित होती रही हैं। Book ISBN: 9789370920552
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