‘फूल और कांटे’ रोजमर्रा की जिंदगी में महसूस होती विभिन्न मानवीय भावनाओं और प्रतिक्रियास्वरूप अभिव्यक्तियों का संकलन है। आधुनिकता के घोड़े पर सवार रंग बदलती दुनिया नई अनुभूतियों का भंडार है। तकनीकि आविष्कारों से दुनिया सिमट कर एक घर की तरह हो गई है लेकिन परंपरागत रिश्तों में ही भावनात्मक दूरियां बनती जा रही है। नई दुनिया के इस गुलशन में महकते फूल हैं तो चुभते कांटे भी हैं। पुरातन और नवीन व्यवस्थाओं में विरोधाभास से उत्पन्न अंतर्द्वंद्व ने ‘फूल और कांटे’ की कविताओं को जन्म दिया है।
फूल और कांटे
SKU: 9798898650063
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Author’s Name: Shyamal Munshi (aka Sudhir Kumar)
About the Author: 'श्यामल मुंशी' हिंदी साहित्य का एक उभरता हुआ नाम है। कहानी, उपन्यास, व्यंग्य, लेख, कविता, शे’र-ओ-शायरी आदि सभी साहित्यिक विधाओं में इनकी लेखनी चल रही है। विभिन्न साहित्यिक मंचों पर ये काफी चर्चित रहे हैं। इनकी अब तक की प्रकाशित रचनाएं हैं - ‘अंतहीन’ (उपन्यास, 2024), फूलों ने कहा (काव्य-संग्रह, 2025) और ‘अनमोल मोती’ (साझा काव्य-संग्रह, 2025)।
Book ISBN: 9798898650063
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