यह किताब दिल्ली को देखती नहीं; उसे महसूस करती है। यह उन अधूरी मुलाक़ातों, अनसुने कदमों और किसी रहस्यमयी ‘वो’ की तलाश में भटकते दिल की दास्तान है। शहर की हलचल में छिपी ख़ामोशियाँ, सर्द सुबहें, अकेली गलियाँ और अचानक मिली उम्मीद—हर पन्ना एक छोटा सा एहसास है। यह सिर्फ़ कविताओं का संग्रह नहीं, बल्कि एक ऐसा सफ़र है जिसे हर पाठक अपने तरीके से जी लेता है।
उसकी आहट...
SKU: 9789373142296
₹110.00Price
.png)
